तुमसा प्यार कहाँ से लायें
जिस धरती का सूरज गुम है
उस पर छावं कहाँ से लायें
बिन पानी के जी लें मछली
ऐसा जीवन कहाँ से लायें
बिन चाँद चांदनी मिल जाये जहाँ पर
ऐसी रातें कहाँ से लायें
जीवन का ये रूप अनोखा
जीवन मरता है रोज यहाँ, बस....
साँसों पे सरकता जीवन है
जीवन का उल्लास कहाँ से लायें
हर चीज यहाँ पर प्यारी है पर....
तुमसा प्यार कहाँ से लायें
हेम लता
जिस धरती का सूरज गुम है
उस पर छावं कहाँ से लायें
बिन पानी के जी लें मछली
ऐसा जीवन कहाँ से लायें
बिन चाँद चांदनी मिल जाये जहाँ पर
ऐसी रातें कहाँ से लायें
जीवन का ये रूप अनोखा
जीवन मरता है रोज यहाँ, बस....
साँसों पे सरकता जीवन है
जीवन का उल्लास कहाँ से लायें
हर चीज यहाँ पर प्यारी है पर....
तुमसा प्यार कहाँ से लायें
हेम लता